जब आदरणीय सुषमा दीदी बोलती थीं, तो ऐसा प्रतीत होता था कि मानो मां सरस्वती उनकी जिह्वा पर विराजमान हैं। उनके व्यवहार में हम सभी के लिए न केवल बहन का प्यार अपितु ममत्व का पवित्र भाव आकण्ठ भरा था। आप सदैव हमारे दिलों में जिंदा रहेंगी। जयंती पर दीदी के चरणों में प्रणाम! #SushmaSwaraj